तीन आरोपी गिरफ्तार, इलाके में भारी पुलिस बल तैनात
देहरादून।
पछवादून के सहसपुर थाना क्षेत्र के बैरागीवाला गांव में पानी के विवाद को लेकर हुई हिंसक झड़प में एक युवक की हत्या के बाद पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया। घटना के बाद रविवार सुबह आक्रोशित लोगों ने आरोपियों के घरों के आसपास आगजनी और पथराव किया। हालात को देखते हुए प्रशासन ने इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया है और एहतियातन इंटरनेट सेवाएं भी बंद कर दी गई हैं।
पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य की तलाश जारी है। उधर प्रशासन ने गिरफ्तार आरोपियों के घरों पर बुलडोजर की कार्रवाई भी की।
पानी के विवाद ने लिया हिंसक रूप
जानकारी के अनुसार शनिवार शाम बैरागीवाला क्षेत्र में खेतों की सिंचाई को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद हुआ। देखते ही देखते विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। आरोप है कि एक पक्ष के दर्जनभर लोगों ने दूसरे पक्ष के युवक विनोद कुमार पर धारदार हथियारों, हथौड़ों और डंडों से हमला कर दिया।
हमले में विनोद कुमार की मौत हो गई, जबकि उनके भाई अशोक कुमार, राजेश और सुषमा गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
परिवार ने लगाए गंभीर आरोप
मृतक के भाई अशोक कुमार पुत्र भगवत प्रसाद निवासी बैरागीवाला ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया कि लंबे समय से पड़ोसी खेतों में पानी को लेकर विवाद चल रहा था। शनिवार शाम करीब छह से साढ़े छह बजे के बीच इम्तियाज, रज्जाक, अमन, युनुस, शहबाज, आदिल, सलमान, जावेद सहित कई लोग हथियारों से लैस होकर उनके घर पहुंचे और जानलेवा हमला कर दिया।
तहरीर में कहा गया कि हमलावरों के हाथों में लाठी, डंडे, लकड़ी की पट्टियां, बेलचे और हथौड़े थे। विनोद कुमार को हथौड़े से गंभीर चोट पहुंचाई गई, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
गुस्साए लोगों ने किया प्रदर्शन
घटना के बाद ग्रामीणों और परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। देर रात तक लोग थाने में डटे रहे और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते रहे। स्थानीय विधायक मुन्ना सिंह चौहान भी पीड़ित परिवार के साथ मौजूद रहे।
रविवार सुबह बड़ी संख्या में लोगों ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया और आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। इस दौरान कुछ लोगों ने एक आरोपी के घर में आग लगा दी और कई घरों के बाहर तोड़फोड़ की।
बुलडोजर कार्रवाई से बढ़ी चर्चा
तनावपूर्ण स्थिति के बीच पुलिस और प्रशासन बुलडोजर लेकर आरोपियों के घरों तक पहुंचे। अधिकारियों ने मकानों को चिन्हित कर अवैध निर्माणों पर कार्रवाई की। प्रशासन की इस कार्रवाई को लेकर इलाके में चर्चा तेज हो गई है।
इलाके में पुलिस की सख्त निगरानी
घटना के बाद पूरे क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी लगातार हालात की निगरानी कर रहे हैं। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। इंटरनेट सेवाएं बंद कर अफवाहों और भड़काऊ संदेशों को रोकने का प्रयास किया जा रहा है।
पुलिस के अनुसार इस मामले में तीन नामजद आरोपियों सहित 25 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है और अन्य की पहचान की जा रही है।
मुख्यमंत्री धामी ने की घटना की निंदा
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सहसपुर की घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की शांति और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा, “जो लोग कानून को चुनौती देने का दुस्साहस करेंगे, उन्हें ऐसा दंड मिलेगा कि भविष्य में कोई भी ऐसी हरकत करने से पहले हजार बार सोचेगा।”
उन्होंने प्रशासन और पुलिस को दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
स्थिति पर लगातार नजर
फिलहाल सहसपुर और आसपास के इलाकों में माहौल तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में बताया जा रहा है। प्रशासन लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील कर रहा है। पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।