देहरादून : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशानुसार सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार ने बुधवार को राज्य सचिवालय में हरिद्वार शहर के लिए प्रस्तावित इंटीग्रेटेड रोपवे परियोजना की विस्तृत समीक्षा बैठक की। बैठक में परियोजना को शीघ्र धरातल पर उतारने की रणनीति तैयार की गई।
बैठक में हुई प्रमुख चर्चा
सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार की अध्यक्षता में हुई बैठक में उत्तराखंड मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के प्रबंध निदेशक बृजेश कुमार मिश्रा ने परियोजना का विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया। इस परियोजना को सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल के तहत DBFOT (Design, Build, Finance, Operate and Transfer) आधार पर लागू करने का प्रस्ताव है।
परियोजना की मुख्य विशेषताएं
- लागत: निर्माण कार्य की अनुमानित लागत लगभग 75 करोड़ रुपये प्रति किलोमीटर (रोपवे स्टेशन, कार्यशाला और भूमि लागत को छोड़कर)।
- उद्देश्य: हरिद्वार में यातायात को सुगम बनाना, तीर्थ यात्रियों और पर्यटकों को आधुनिक, सुरक्षित एवं सुविधाजनक परिवहन उपलब्ध कराना।
- लाभ: शहर की ट्रैफिक समस्या में कमी के साथ ही कुंभ जैसी बड़ी घटनाओं में बेहतर यातायात व्यवस्था।
भूमि हस्तांतरण का मुद्दा
बैठक में सबसे महत्वपूर्ण मुद्दा भूमि का रहा। प्रस्तावित रोपवे स्टेशन के लिए जरूरी भूमि उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग के स्वामित्व में है। सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार ने निर्देश दिए कि उत्तराखंड शासन के सिंचाई विभाग के माध्यम से उत्तर प्रदेश को अनुस्मारक पत्र भेजा जाए। भूमि को 1 रुपये प्रतिवर्ष की दर से 99 वर्ष की लीज पर आवास विभाग, उत्तराखंड को हस्तांतरित करने की प्रक्रिया तेज की जाए।
कन्सेशन अवधि बढ़ाने का प्रस्ताव
वर्तमान में 30 वर्ष की कन्सेशन अवधि प्रस्तावित है। सचिव ने कहा कि परियोजना की उच्च लागत को देखते हुए निविदा दस्तावेज में अतिरिक्त 30 वर्ष (15+15 वर्ष) बढ़ाने का विकल्प रखा जाए। इससे वित्तीय व्यवहार्यता बेहतर होगी और अधिक कंपनियां निविदा में भाग लेंगी।
आगे की कार्ययोजना और निर्देश
सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए:
- परियोजना को डीपीआर स्तर पर शीघ्र अनुमोदित कर ईएफसी (Expenditure Finance Committee) स्तर पर भेजा जाए।
- सभी तकनीकी, वित्तीय और प्रशासनिक औपचारिकताएं समयबद्ध तरीके से पूरी की जाएं।
- विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जाए।
डॉ. आर. राजेश कुमार का बयान
सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा, “हरिद्वार में प्रस्तावित यह आधुनिक रोपवे सिस्टम तीर्थ यात्रियों और पर्यटकों को सुरक्षित एवं सुविधाजनक परिवहन उपलब्ध कराएगा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विजन के अनुरूप राज्य सरकार प्रदेश में आधुनिक परिवहन व्यवस्था विकसित करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।”
बैठक में उपस्थित प्रमुख अधिकारी: उत्तराखंड मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के प्रबंध निदेशक बृजेश कुमार मिश्रा सहित आवास विभाग, सिंचाई विभाग और अन्य संबंधित अधिकारी।