आयुष चिकित्सालयों की गुणवत्ता और पहुंच बढ़ाने के निर्देश
देहरादून। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में नेशनल आयुष मिशन, उत्तराखंड की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य सचिव ने राज्य में संचालित 30 बेड और 10 बेड वाले आयुष चिकित्सालयों को प्रभावी रूप से प्रचारित करने तथा उनकी सेवाओं की गुणवत्ता और पहुंच को मजबूत करने के स्पष्ट निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इन संस्थानों को प्रदेश की मॉडल चिकित्सा के रूप में विकसित किया जाए।
एलोपैथी और आयुर्वेद विभागों के बीच समन्वय पर बल
मुख्य सचिव ने एलोपैथी और आयुर्वेद विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दोनों विभाग मिलकर उत्तराखंड की आयुष चिकित्सा को देश के लिए मॉडल बनाने की दिशा में गंभीरता से काम करें।
प्रमुख निर्देश और समीक्षा बिंदु
- ओपीडी विश्लेषण: प्रदेश में संचालित सभी आयुष ओपीडी का समग्र विश्लेषण कर उनकी कार्यक्षमता और पहुंच का आकलन किया जाए।
- सेंटर ऑफ एक्सीलेंस: इन केंद्रों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए।
- पीपीपी मोड के अस्पताल: प्राइवेट पार्टनरशिप पर आधारित आयुष चिकित्सालयों की प्रगति और रिस्पांस की स्क्रूटनी की जाए।
- प्राइवेट पार्टनर्स के साथ एमओयू: सचिव आयुष को निर्देश कि पूर्व में हुए सभी एमओयू की समीक्षा की जाए। पार्टनर्स से समन्वय स्थापित कर उनकी समस्याएं सुनी जाएं और राज्य की अपेक्षाएं साझा की जाएं।
भारत सरकार को 52 करोड़ रुपये का प्रस्ताव स्वीकृत
आयुष विभाग द्वारा नेशनल आयुष मिशन के तहत भारत सरकार से 52 करोड़ रुपये की मांग का प्रस्ताव रखा गया, जिसे मुख्य सचिव ने अनुमोदित कर दिया। इस राशि से इस वर्ष 13 जनपदों में 13 सुप्रजा केंद्र (आयुर्वेदिक एंटेनेटल केयर आधारित) को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित किया जाएगा। इन केंद्रों में शामिल होंगे:
- पंचकर्म सुविधाएं
- विशेषज्ञ चिकित्सा
- प्रशिक्षित पंचकर्म सहायक
अनुमोदित प्रस्ताव शीघ्र भारत सरकार को प्रेषित किया जाएगा।
आयुष अस्पतालों की प्रगति रिपोर्ट
वित्तीय वर्ष में निम्न आयुष अस्पताल पूर्ण हो जाएंगे:
- पथरी (हरिद्वार)
- भीमताल (नैनीताल)
- टनकपुर (चंपावत)
हल्द्वानी (नैनीताल) में निर्माण कार्य प्रगति पर है।
प्रत्येक जनपद में मोबाइल मेडिकल यूनिट का प्रस्ताव
आयुष विभाग ने प्रत्येक जनपद में मोबाइल मेडिकल यूनिट संचालन का प्रस्ताव भी रखा, जिस पर चर्चा हुई।
डिजिटल पहल: आयुर तरंगिणी और आयुर वाणी
- आयुष विभाग की वेबसाइट पर आयुर तरंगिणी मासिक ई-मैगजीन उपलब्ध है, जिसमें विभिन्न आयुष चिकित्साओं की जानकारी दी जा रही है।
- यूट्यूब पर आयुर वाणी पॉडकास्ट सीरीज का नियमित प्रसारण हो रहा है। आम जनमानस इसका लाभ उठा सकता है।
बैठक में उपस्थित प्रमुख अधिकारी
बैठक में शामिल रहे:
- सचिव आयुष रंजना राजगुरु
- अपर सचिव विजय कुमार जोगदंडेव
- अपर सचिव नवनीत पांडेय
- अन्य संबंधित अधिकारी