देहरादून के प्रेमनगर में सरकारी भूमि पर बनी मजार को किया गया ध्वस्त
- धामी सरकार के निर्देश पर प्रदेशभर में अवैध धार्मिक संरचनाओं के खिलाफ कार्रवाई
- पूर्व में नोटिस जारी, जवाब न मिलने पर की गई बुलडोजर कार्रवाई
- अब तक राज्य में सैकड़ों अवैध मजारें हटाई जा चुकीं
देहरादून।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के स्पष्ट निर्देशों के तहत उत्तराखंड में अवैध धार्मिक स्थलों के विरुद्ध चल रही कार्रवाई के तहत राजधानी देहरादून के प्रेमनगर क्षेत्र में प्रशासन ने एक मजार को अतिक्रमण मानते हुए बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया।
प्रशासन का कहना है कि यह मजार सरकारी भूमि पर अवैध रूप से बनाई गई थी और संबंधित पक्ष को पूर्व में नोटिस जारी किया गया था, लेकिन तय समयावधि में न तो कोई जवाब प्राप्त हुआ और न ही कोई आपत्ति दर्ज कराई गई। इसके बाद जिला प्रशासन की टीम पुलिस बल और राजस्व अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंची और बुलडोजर की मदद से मजार को गिराकर स्थल को अतिक्रमण मुक्त किया गया।
प्रदेश में पिछले कुछ महीनों से अवैध मदरसों और मजारों की पहचान कर उन्हें हटाने की प्रक्रिया चल रही है। मुख्यमंत्री ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने जिलों में सभी धार्मिक ढांचों का सत्यापन करें और जो भी अवैध पाए जाएं, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
सरकार की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया है कि यह अभियान किसी धर्म विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि कानून और व्यवस्था तथा सार्वजनिक भूमि की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए है।
प्रशासन का कहना है कि इस तरह की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी और यदि किसी धार्मिक संरचना ने बिना अनुमति के सरकारी भूमि पर कब्जा किया है, तो उसे हटाया जाएगा।